30 C
Patna
October 27, 2020
Business विदेश

बदहाल होती अर्थव्यवस्था से चिंतित होकर जर्मनी के राज्य के वित्त मंत्री ने आत्महत्या कर ली

german minister commits suicide

विदेश। दुनिया भर में कोरोना वायरस नाम का कहर टूट पड़ा है। यह सिर्फ लोगों की जान ही नहीं ले रहा है। बल्कि विश्व की अर्थव्यवस्था को भी तगड़ा नुकसान पहुंचा रहा है। दुनिया भर की कई आर्थिक महाशक्तियों को इससे बाहर निकलने का रास्ता नज़र नहीं आ रहा है। समाचार एजेंसी एएफपी की रिपोर्ट के मुताबिक़ बदहाल हो रही अर्थव्यवस्था से चिंतित जर्मनी के हेसे राज्य (Germany’s Hesse state) के वित्तमंत्री ने आत्महत्या (German minister commits suicide) कर ली। खबरों के मुताबिक़ कोरोना वायरस की वजह से तबाह हो रही अर्थव्यवस्था से वह काफी व्यथित थे। उन्हें समझ नहीं आ रहा था की गिरती अरहत्तव्यवस्था को कैसे सम्भाला जाए। उसी तनाव से आखिर में अपनी जान दे दी।

यह भी पढ़ें : – लॉकडाउन में घर लौट रही किशोरी के साथ 10 दोस्तों ने किया गैंगरेप, दर्द से जंगल में हुई बेहोश, सुबह रेंगकर सड़क पर पहुंची

दरअसल कोरोना वायरस के संक्रमण रोकने के लिए तमाम प्रभावित देशों में लॉकडाउन लगा दिया गया है। लॉकडाउन की वजह से तमाम फैक्ट्रियों में काम ठप्प पड़ गया है। उत्पादन और निर्यात ठप्प हो जाने से आर्थिक गतिविधियां थम सी गयी है। लाखों लोगों की नौकरियों पर खतरे के बादल मंडरा रहे हैं। बड़ी – बड़ी आर्थिक महाशक्तियों की अर्थव्यवस्था तबाह होने के कगार पर खड़ी है। रिपोर्ट के मुताबिक़ निकट भविष्य में अगर जल्द ही हालात नहीं सुधरे, तो बेहद भयावह स्थिति का सामना करना पड़ सकता है। जिसके बारे में कभी सोचा नहीं गया है। देश की सरकारें भी आने वाली परिस्थितियों से निपटने के लिए अभी से कोशिशों में जुट गयी है।

German minister commits suicide

यह भी पढ़ें : – कोरोना वायरस से लड़ने के लिए बीसीसीआई ने 51 करोड़ रुपये राहत कोष में जमा किये, रैना ने 52 लाख, सचिन ने 50 लाख दिए

मृत वित्तमंत्री शाफर कोरोना बदहाल हो रही अर्थव्यवस्था को संभालने के लिए दिन रात एक किये हुए थे। मंडी की आहत को देखते हुए वह कंपनी और कामगारों की काफी मदद कर रहे थे। लेकिन तमाम देशों में लॉकडाउन लागू होने की वजह से अर्थव्यवस्था गति पकड़ने में नाकाम रही। इससे आहात होकर शाफर कोरोना ने आत्महत्या कर ली। उनका शव रेलवे ट्रैक के किनारे पाया गया। उनके सहयोगी ने कहा – वह अर्थव्यवस्था को लेकर बेहद परेशान थे। लेकिन इसकी वजह से वह आत्महत्या जैसा कदम उठा लेंगे, ऐसा कभी नहीं सोचा था। वाकई में वह बेहद तनाव में थे, और बेहद दुखी भी।

Loading...

संबंधित ख़बरे

Leave a Comment

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More

Loading...